स्थानांतरित संगठन ने मुख्यमंत्री व शिक्षा मंत्री को मांग पत्र किया प्रेषित

स्थानांतरित संगठन ने प्रथम नियुक्ति से वरिष्ठता, क्रमोन्नति,D.A.,वेतन विसंगति,सेटप सुधार,OPS सहित अन्य सभी मांगों पर अनुविभागीय अधिकारी/तहसीलदार के माध्यम से,मुख्यमंत्री व शिक्षा मंत्री को पत्र प्रेषित किया है:
रायपुर : स्थानांतरित संगठन छ ग व्याख्याता एल बी एवं समस्त संगठन सम्पूर्ण छ ग राज्य के प्रांतीय संचालक लालबहादुर साहू के नेतृत्व में दिनांक 29/01/22को मुख्यमंत्री,शिक्षामंत्री, शिक्षा सचिव व संचालक को अनुविभागीय अधिकारी/तहसीलदार के माध्यम से शिक्षक एल.बी.संवर्ग के सभी मांगो को पूरा करने ज्ञापन सौपा वह है।
🔴1. प्रमुखता से समस्त स्थानांतरित लगभग 27000 शिक्षक प/एल बी संवर्ग E,T के लिए जो गैर वित्तीय मामले है वरिष्ठता प्रथम तिथि से गणना करने दिनांक 20/01/22 से twitter/ज्ञापन अभियान जारी है संगठन के जानकारी अनुसार पंचायत से शिक्षा विभाग में संविलयन के लिए नियम 8 वर्ष था मुख्यमंत्री द्वारा रिलेक्सेशन कर 2 वर्ष किया गया ।
शिक्षा विभाग में पदोन्नति हेतु प्राचार्य/प्रधान पाठक में 5 वर्ष के नियम के मांग पर वन टाइम रिलेक्सेशन कर 3 वर्ष किया गया है लेकिन स्थानांतरित शिक्षको के पंचायत विभाग के सेवा को अन्य जिले मे नियुक्ति तिथि से लिस्ट में रख रहे है जिससे 15 या 20 वर्ष वाले अनुभवी व वरिष्ठ शिक्षक कम 8 या 9 वर्ष वाले अनुभवी से कनिष्ठ हो रहे है किसी भी प्रकार से रिलेक्सेशन नही किया गया है जिसके कारण वरिष्ठता प्रभावित होगी वन टाइम रिलेक्शेसन कर प्रथम नियुक्ति तिथि से सामान्य प्रशासन विभाग के रूल से गणना कर सही वरिष्ठता निर्धारित करने पश्चात ही व्याख्याता, प्राचार्य व प्रधानपाठक के पदों पर शीघ्र पदोन्नति करने की मांग शामिल है
🟡2. लंबे समय से जो लगभग 23 वर्ष से भी पदोन्नति से वंचित है सहा .शिक्षक/शिक्षक/व्याख्याता एल. बी. संवर्ग का पूर्व मे पंचायत विभाग में कई गई सेवा अवधि/अनुभव को जोड़कर प्रथम नियुक्ति तिथि से सेवा गणना करते हुवे क्रमशः 10 वर्ष ,20वर्ष ,30 वर्ष की सेवा अवधि उपरांत नियमित शिक्षको के समान क्रमोन्नत/समयमान वेतनमांन देने शीघ्र ही आदेश जारी हो ।
🔴3. वर्ग- 03(सहायक शिक्षक प/एल बी) जो प्राथमिक स्कूल में शिक्षा का नीव रखते है वेतन विसंगति दूर कर जो घोषणा पत्र में शामिल है उन्हें पूर्ण सम्मान देते हुवे मांग को पूरा करने
🟡4.केंद्र सरकार के केंद्रीय कर्मचारियो की भांति राज्य के कर्मचारियों के लिए छ ग राज्य में भी लंबित महंगाई भत्ता भुगतान हेतु शीघ्र पहल करेंगे।
5. स्वयं के व्यय से प्रशिक्षण बी.एड ,डी. एड किये शिक्षको को 2 वेतन वृद्धि का लाभ देने प्रावधान करने शीघ्र ही राजपत्र पर सुधार करेंगे।
जब राज्य सरकार नान बी एड/डी एड शिक्षको के लिए विभागीय प्रशिक्षण की सुविधा व बिना अध्यापन के वेतन लाभ दे रहे है और नान बी एड /डी एड शिक्षको का प्रशिक्षण अवधि में स्कूल में अनुपस्थित रहने पर छात्र हित में स्वयं के व्यय से बीएड/डी एड किये प्रशिक्षित शिक्षक ही अपने कार्य के साथ साथ अनुपस्थित शिक्षको के कार्यो का भी दायित्व का निर्वहन कर रहे है तो सिर्फ नान बी एड/डी एड शिक्षको को सुविधा व लाभ देना न्यायपूर्ण नही है।
🔴6. स्थानांतरण मामले में वर्ष 2008 में खुली स्थानांतरण नीति लागू की गई थी जिसे एक बार पुनः लागू कर सभी शिक्षक एल बी संवर्ग को स्थानांतरण का अवसर देने व स्थानांतरण से रिक्त व स्वीकृत पदों पर शीघ्र पदोन्नति करने ।
🟡7. दिवंगत शिक्षाकर्मी के परिवार के सदस्य को अनुकंपा नियुक्ति करने के मामले जिसमे बी एड ,डी एड ,डी एल एड टेट की अनिवार्यता को समाप्त करते हुवे परिवार के सदस्य को शासकीय पदों पर भर्ती करने के बाद 5 वर्ष पूरा करने का अवसर प्रदान करने ।
🔴8.बुढ़ापे का सहारा- सभी अधिकारी,कर्मचारी शिक्षक प /एल बी संवर्ग के लिए वर्तमान में लागू नए वृत्ति योजना (nps) की जगह पुराने वृत्ति योजना (ops)को लागू करने की मांग ।
🟡9.लैब परिचालक का जंहा उस विषय मे नियुक्ति लाभ लेने वाले विषय विशेषज्ञ व्याख्याता है अन्य कार्य से पूर्ण मुक्त करते हुवे शासन द्वारा जिसके लिए नियुक्ति की जाती है सिर्फ लैब कार्य हेतु पूर्ण मुक्त करने।
🔴 10. इसके साथ ही हाई स्कूल विषय सेटप में आंशिक संसोधन कर भौतिक और रसायन का भी पद सृजित कर नियुक्ति व पदोन्नति करने की मांग की गई है क्योंकि हाई स्कूल विषय -विज्ञान व गणित(9वी 10वी) में क्रमशःसिर्फ बायो व सिर्फ गणित और हायर सेकेंडरी विषय (11वी 12) बायो व गणित में भी क्रमशः सिर्फ बायो व सिर्फ गणित वालो को नियुक्ति , पदोन्नति का दोहरा लाभ शासन दे रही है जबकि भौतिक व रसायन वाले कई संस्थाओ में हाई स्कूल विषय (9वी 10वी) का अध्यापन कार्य कर रहे है जिस विषय विज्ञान व गणित में स्थानांतरण नियुक्ति ,पदोन्नति शासन द्वारा करते ही नही है जो संवैधानिक नियम के विपरीत है ।
दूसरा पहलू यह भी है कि हाई स्कूल विषय- विज्ञान (9वी 10 वी)में सिर्फ बायो वालो को नियुक्ति करते है जो गणित का पद रिक्त रहने या गणित वाले कि अनुपस्थिति में गणित अध्यापन करने की छमता ही नही रखते है जिससे छात्रों का अहित होता है ।व छात्र 9वी 10वी से 11वी में पहुंचते हैं तो भौतिक रसायन का बेसिक भी कमजोर होता है। जबकि भौतिक /रसायन वाले गणित और विज्ञान दोनो अध्यापन करने की छमता रखते है उन्हें न तो विज्ञान में नियुक्ति करते है न गणित में इसलिये छात्र हित में सेटप मे आंशिक संसोधन कर भौतिक और रसायन विषय वालो को भी हाई स्कूल में नियुक्ति व पदोन्नति के लिए शिक्षण संचालनालय से सभी जिले के मुख्य कार्यपालन अधिकारी और जिला शिक्षा अधिकारी के लिए सीघ्र आदेश जारी करने की मांग की गई है ।
हाई स्कूल में भौतिक रसायन की नियुक्ति होने से 9 वी 10 वी से ही भौतिक रसायन का बेस मजबूत ,नजदिक के हाई स्कूल में नियुक्ति , अध्यापन लाभ 9वी 10 वी का सिर्फ2 ही कालखंड,संख्या बढ़ने से मैंचुअल स्थानांतरण जल्द मिलेंगे , भौतिक रसायन बेरोजगार को नियुक्ति का चांस इत्यादि कई समस्याएं स्वतः दूर होगी ।
हाई स्कूल विषय – विज्ञान/गणित व्याख्याता में भौतिक ,रसायन pg विषय वाले को नियुक्ति/पदोन्नति नही करने पर दबावपूर्णक अध्यापन कराने वाले अधिकारी पर कार्यवाही करने की भी मांग की गई है।
🟡 11.सभी जिले के जिला व विकाशखण्ड मुख्यालय के कॉलेज में अनिवार्य रूप से भौतिक रसायन PG क्लास शुरू करने व प्राध्यापक नियुक्ति करने की मांग की गई है इससे स्कूल में शिक्षक संसाधन आसानी से उपलब्ध होगा जिससे शिक्षा के स्तर में सुधार होगा।
ज्ञापन सौपते समय प्रांतीय संचालक लालबहादुर साहू,एस.पी.निषाद व ए.के.मंडावी उपस्थित थे।



