कोरोना की दूसरी लहर का असर, लगा लॉकडाउन

इंटरनेशनल (khabarwarrior) प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने कहा कि इंग्लैंड में लॉकडाउन बृहस्पतिवार आधी रात से शुरू होगा और 2 दिसंबर तक चलेगा। ब्रिटेन में महामारी से संक्रमित लोगों की संख्या फिर से दस लाख पार करने के बाद देश में संक्रमण की दूसरी लहर की आशंका व्यक्त की जा रही है। ब्रिटेन में कोविड-19 से मौतों की संख्या यूरोप के सभी देशों से अधिक रही है। वहां रोजाना कोरोना वायरस के 20 हजार से अधिक मामले सामने आ रहे हैं।

ब्रिटेन में महामारी की रोकथाम के लिए लागू किये जा रहे प्रतिबंधों को उसके इतिहास में शांतिकाल में सबसे कठोर बताया जा रहा है। लोगों को बेहद जरूरी कारणों से ही घर छोड़ने की अनुमति मिलेगी। इस दौरान आवश्यक दुकानें, स्कूल और विश्वविद्यालय खुले रहेंगे। पब, रेस्टोरेंट और घर पर भोजन की डिलीवरी करने वाली दुकानों सहित सभी गैर-जरूरी खुदरा दुकानें भी बंद रहेंगी।

प्रधानमंत्री जॉनसन ने कड़े प्रतिबंध लगाने की घोषणा, वैज्ञानिकों द्वारा क्रिसमस को ध्यान में रखते हुए दी गयी चेतावनी के बाद की है। जॉन हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी के अनुसार ब्रिटेन, दुनिया कोरोना महामारी से आधिकारिक मौत की दृष्टि से सबसे अधिक संख्या वाला दुनिया का पांचवां देश है।

ब्रिटेन के अलावा, यूरोप के कई अन्य देशों ने भी कोरोना महामारी की दूसरी लहर की आशंका के मद्देनजर स्थिति से निपटने के लिए नये उपायों लागू किए हैं। ऑस्ट्रिया में मंगलवार से नवंबर के अंत तक रात का कर्फ्यू रहेगा। पुर्तगाल में नये लॉकडाउन की घोषणा की गई है जिनकी दो हफ्ते बाद समीक्षा की जाएगी। शुक्रवार को फ्रांस के राष्ट्रपति इमानुवेल मैक्रों ने करीब एक महीने के लिए राष्ट्रव्यापी दूसरे लॉकडाउन की घोषणा की थी।

 देश के सांथ सांथ राज्यों जैसे में यूरोप की तरह कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर न आए, इसके लिए  देश- प्रदेश के सभी लोगों को एकजुट होकर संक्रमण से बचना होगा और सरकार के निर्देशों का पालन करना होगा।

यूनीसेफ के छत्तीसगढ़ हेड श् जाॅब जचारिया ने भी लोगों से अपील की है कि संक्रमण से बचने के लिए भीड़ वाली जगहोें में न जाएं, 1 मीटर की दूरी रखें, सही तरीके से मास्क पहनें और खांसते एवं छींकते समय ,मुंह नाक ढंके।

उन्होने कहा कि संक्रमण को रोकना सबकी जिम्मेदारी है, विशेषकर त्योहार के समय सबको कोविड अनुकूल व्यवहार का पालन करना चाहिए।