किसानों ने चक्का जाम कर आवाजें की बुलंद , मोदी सरकार से मांगा न्यूनतम गारंटी मूल्य, वहीं भूपेश सरकार से भी की 20क्वींटल धान तत्काल खरीदी की माँग

दुर्ग और बालोद जिला के किसानों के साथ, महिला किसानों ने भी दी भागीदारी

दुर्ग (खबर वारियर) केंद्र सरकार के तीन कानूनों के खिलाफ, कृषि उपजों की न्यूनतम गारंटी मूल्य की मांग को लेकर किसान संगठनों के राष्ट्रव्यापी चक्काजाम आंदोलन के अंतर्गत, छत्तीसगढ़ प्रगतिशील किसान संगठन द्वारा आज दुर्ग के मिनी माता चौक में सैकड़ों किसानों द्वारा 12 बजे से एक घंटा तक चक्काजाम किया गया, चक्काजाम आंदोलन में संगठन के दुर्ग जिला और बालोद जिला के किसान शामिल हुए, जाम में महिला किसान भी अच्छी संख्या में शामिल हुई।

केंद्र और राज्य सरकार से नाराज किसान दोनों सरकारों के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे थे, केंद्र सरकार ने न्यूनतम समर्थन मूल्य पर कृषि उपजों की खरीद की गारंटी नहीं दिया और स्वामीनाथन आयोग अनुसंशा सी 2 लागत पर 50% लाभ जोड़कर एमएसपी घोषित करने का चुनावी वायदा पूरा नहीं किया, न्यूनतम मूल्य की गारंटी के बीना कृषि अध्यादेश को ढकोशला   बताया।

राज्य के भूपेश सरकार से भी बहुत खफा दिखे किसान ,और आरोप लगाया कि जानबूझकर सरकार खरीदी में देरी कर रही वे 20क्वीं धान /एकड़ त्काल खरीदी चालू करने की  मांग का नारा बुलंद किये।साथ ही राज्य सरकार को घोषणा पत्र का याद दिलाया जिसमें चना गेहूं समर्थन मूल्य पर खरीदी एवं दो साल का बकाया बोनस शामिल है।

साथ ही न्याय योजना में सभी किसानों को 10000रू/एकड़ एकमुश्त देकर किसानों के साथ न्याय करने का मांग किए । पुलिस प्रसाशन ने आम लोगों को हो रही दिक्कतों का हवाला देकर चक्का जाम खत्म करने का आग्रह करते रहे फीर भी किसान लगभग एक घंटा चक्का जाम के बाद आम लोगों को हो रही परेशानी को देखकर मानें।

आज के प्रदर्शन में आई के वर्मा, राजकुमार गुप्ता,झबेंद्र भूषण वैष्णव, के अलावा दुर्ग जिला से उत्तम चंद्राकर, के नेतृत्व में बालोद जिला से हुकुमऔर लाल साहू घनश्याम चन्द्राकर बड़कु राम के नेतृत्व में महिला किसान ,श्रीमती लाजेश्वरी देशमुख,भानाबाई के नेतृत्व में पाटन से , ताम्रध्वज साहू और पुष्कर चंद्राकर,अमित हिरवानी , विश्राम यादव ,पूरन लाल साहू ,थानू राम आदि सैकड़ो किसान शामिल